गाजियाबाद के मुरादनगर बंबा मार्ग पर स्थित श्मशान घाट के पास लेंटर गिरने से बडा़ हादसा हो गया। जिसमे 23 से अधिक लोगों की मौत हो गई, जबकि 20 से अधिक लोग घायल हो गए हैं। इस मामलें में सोमवार को ईओ निहारिका सिंह, जेई चंद्रपाल सिंह और सुपरवाइजर आशीष को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। ठेकेदार अजय त्यागी अभी फरार है। शासन की सख्ती के बाद कमिश्नर अनीता सी मेश्राम और पुलिस महानिरीक्षक प्रवीण कुमार ने रविवार की रात अधिकारियों के साथ मोदीनगर तहसील में बैठकर स्थिति की समीक्षा की थी। इसके बाद दोनों अधिकारियों के निर्देश पर देर रात में ही मुरादनगर कोतवाली पुलिस ने नगर पालिका की ईओ, जेई, सुपरवाइजर और ठेकेदार के खिलाफ गैर इरातदन हत्या, काम में लापरवाही व भ्रष्टाचार आदि के आरोपों में मुकदमा दर्ज कर लिया गया था।

मृतक जयराम के पुत्र दीपक ने पुलिस को बताया की अंतिम संस्कार के लिए उनके रिश्तेदार और पास पड़ोस के लिए श्मशान आए थे। जहां श्रद्धांजलि के दौरान बरामदे का लेंटर गिर गया। उन्होंने अपनी तहरीर में आरोप लगाया है कि ईओ समेत अन्य अधिकारियों ने ठेकेदार के साथ मिलीभगत कर घटिया निर्माण सामग्री का इस्तेमाल किया। जिसकी वजह से यह हादसा हुआ है।

उन्होंने अपनी तहरीर में अधिकारियों को इस हादसे और हादसे में हुई मौतों को जिम्मेदार बताते हुए इनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कलानिधि नैथानी ने बताया कि तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। उधर, मुरादनगर कोतवाली पुलिस ने बताया कि इस मामले में दो तीन लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।