दो तरह से ले सकते हैं इस ऑनलाइन कोर्स में एडमिशन

  1. रेगुलर एंट्री : रेगुलर एंट्री के तहत स्टूडेंट्स का फंडामेंटल कोर्स में एडमिशन होगा। इसमें मैथ्स, स्टैटिसटिक्स, कम्प्यूटेशनल थिंकिंग, पायथॉन प्रोग्रामिंग और इंग्लिश जैसे विषयों के बेसिक्स पढ़ाए जाएंगे। जिससे स्टूडेंट्स डिप्लोमा लेवल और डिग्री लेवल कोर्स के लिए तैयार हो सकें। फंडामेंटल कोर्स को पूरा करने के बाद स्टूडेंट्स के पास कोर्स को समाप्त करने या फिर डिप्लोमा लेवल और डिग्री लेवल के लिए जारी रखने का विकल्प होगा।
  2. डिप्लोमा ओनली एंट्री : जिन स्टूडेंट्स को पहले से ही संबंधित विषयों का बेसिक नॉलेज है वे डिप्लोमा लेवल एंट्री के तहत आवेदन कर सकते हैं। हालांकि, यह खासतौर पर उन वर्किंग प्रोफेशनल के लिए डिजाइन किया गया है, जो डिग्री नहीं करना चाहते। इस कोर्स को पूरा करने के बाद कैंडिडेट्स डिग्री कोर्स के लिए जारी नहीं रख सकते।

कौन कर सकते हैं आवेदन ?

प्रोग्रामिंग एंड डेटा साइंस में फंडामेंटल, डिप्लोमा या डिग्री कोर्स में आवेदन कर रहे कैंडिडेट्स का 12वीं पास होना अनिवार्य है। वही कैंडिडेट्स आवेदन कर सकते हैं जिन्होंने 10वीं में इंग्लिश और मैथेमैटिक्स को अनिवार्य विषयों के रूप में पढ़ा हो। एलिजिबिलिटी से जुड़ी अधिक जानकारी के लिए आईआईटी मद्रास की ऑफिशियल वेबसाइट विजिट करें। या फिर इस लिंक पर क्लिक करें।

15 सितंबर से पहले भी बंद हो सकती है आवेदन प्रक्रिया

आवेदन की अंतिम तिथि भले ही 15 सितंबर, 2020 है। लेकिन इससे पहले भी एप्लीकेशन प्रोसेस बंद हो सकती है। IIT मद्रास ने आवेदनों की संख्या को लेकर एक सीमा निर्धारित की है। कोर्स के लिए आने वाले आवेदनों की संख्या 2.5 लाख के पार होते ही आवेदन प्रक्रिया समाप्त हो जाएगी।