शीना बोरा हत्याकांड की आरोपी इंद्राणी मुखर्जी कोरोना वायरस से संक्रमित (Indrani Mukherjee Corona Positive) हो गई हैं, जो मुंबई की भायखला जेल (Byculla Jail) में बंद हैं.

मुंबई: महाराष्ट्र में कोरोना वायरस (Coronavirus) का संक्रमण लगातार बढ़ता जा रहा है और अब कोविड-19 जेल में बंद कैदियों को भी तेजी से अपनी चपेट में लेने लगा है. शीना बोरा हत्याकांड की आरोपी इंद्राणी मुखर्जी कोरोना वायरस से संक्रमित (Indrani Mukherjee Covid Positive) हो गई हैं, जो मुंबई की भायखला जेल (Byculla Jail) में बंद हैं.

38 लोग हुए थे कोरोना वायरस से संक्रमित

मुंबई के भायखला जेल में कल (20 अप्रैल) 38 अन्य लोग कोरोना वायरस से संक्रमित पाए गए थे. महाराष्ट्र में 19 अप्रैल तक 46 जेलों में 197 कैदी कोविड-19 (Covid-19) से संक्रमित हो चुके थे, जबकि 7 कैदियों की मौत भी हो चुकी है. इतना ही नहीं 94 से ज्यादा जेल कर्मचारी भी कोरोना की चपेट में आ चुके हैं और इनमें से 8 जेल स्टॉफ की कोरोना की वजह से मौत हो चुकी है.

क्यों जेल में बंद हैं इंद्राणी मुखर्जी?

बता दें 24 वर्षीय शीना बोरा की अप्रैल 2012 में कथित तौर पर हत्या कर दी गई थी. आरोप है कि इंद्राणी मुखर्जी ने अपनी बेटी शीना बोरा की हत्या करवाई थी और शव को पड़ोस के रायगढ़ जिले के एक जंगल में फेंक दिया था. इस मामले में इंद्राणी को अगस्त 2015 में गिरफ्तार किया गया था. हत्या के आरोप में इंद्राणी मुखर्जी के अलावा उनके पूर्व पति संजीव खन्ना और उसके पूर्व ड्राइवर श्यामवर राय को 2015 में गिरफ्तार किया गया था. इंद्राणी के तत्कालीन पति पीटर को बाद में मामले में आरोपी बनाया गया और गिरफ्तार किया गया.

दोगुनी क्षमता से ज्यादा जेलों में रखे गए कैदी

महाराष्ट्र की जेलों के ये आंकड़े इसलिए डरा रहे है क्योंकि जेलों में क्षमता से लगभग दोगुने से ज्यादा कैदियों को रखा गया है. आर्थर रोड जेल में 804 कैदियों की क्षमता है जबकि वहां 2,834 कैदी इस वक्त बंद हैं. ठाणे जेल की क्षमता 1,105 कैदियों की है, जहां 3,758 कैदी बंद हैं. तलोजा जेल, जहां इस वक्त सचिन वजे जैसा अपराधी बंद है, उसकी क्षमता 2,124 कैदियों की है. लेकिन वहां 3,353 कैदी बंद हैं.

अगर हम महाराष्ट्र की कुल 46 जेलों की बात करें तो इनकी कुल क्षमता 23,217 कैदियों को बंदी बनाए रखने की है लेकिन इस वक्त इन तमाम जेलों के 34,422 कैदी बंद हैं. इनमें से अधिकतर कैदी वो हैं जिनका अलग-अलग मामलों में ट्रायल चल रहा है. कुछ की तो सजा भी पूरी हो चुकी है. ऐसे में ये समझा जा सकता है कि अगर कोरोना वायरस का लेटेस्ट स्ट्रेन यहां फैला तो ये कितनी तेजी से फैलेगा.