प्रधानमंत्री मोदी ने मन की बात कार्यक्रम के दौरान लाल क़िले में हुए घटना को याद करते हुए कहा की झंडे के साथ अपमान हुआ.यह देख कर देश बोहोत दुखी हुआ.इस बात का पलटवार करते हुए किसान नेता राकेश टिकैत ने कहा – क्या तिरंगा सिर्फ प्रधानमंत्री का है ? टिकैत ने कहा सारा देश तिरंगा से प्यार करता है.जो भी तिरंगा का अपमान किया हो उसे पकड़ा जाए और कड़ी से कड़ी सज़ा दी जाए.

सरकार के साथ मीटिंग को लेकर राकेश टिकैत ने कहा बंदूकके नोक पर बातचीत नहीं होगी .उन्होंने कहा ये सरकार और किसान की लड़ाई है इसे शांति और सौहार्द के साथ बैठ सुलझाना होगा.सरकार कंडीशन दे की क्यों बिल वापिस नहीं ले सकती और हम अपनी बात रखेंगे, तब जाकर मसला हल हो सकता है.

बता दें आज प्रधानमंत्री मोदी ने मन की बात कार्यक्रम में भी तीनो कृषि क़ानून पर कहा की ‘कृषि के आधुनिकीकरण के लिए सरकार दृढ़ संकल्पित है और इसके लिए कई कदम उठाए जा रहे हैं, ये प्रयास जारी रहेंगे.” एक बार फिर से मोदी सरकार ने ये साफ़ कियता बिल वापसी नहीं हो सकता.

जानकारी के बता दें किसानो को फिर से सरकार के तरफ बात करने के लिए 2 फरवरी का तारिक तय की गयी है.बता दें 26 जनवरी की हुई घटना के बाद ये सरकार और किसान के बिच पहली बैठक होगी.शायद 2 फरवरी की मीटिंग आखिरी और हल निकल कर आये.