• बीई और बी.टेक में एडमिशन के लिए आज से शुरू हुई जेईई पेपर- 1 की परीक्षा 6 सितंबर तक जारी रहेगी
  • कल बी.आर्क और बी.प्लानिंग के लिए हुई परीक्षा में करीब डेढ़ लाख स्टूडेंट्स हुए थे शामिल

कोरोना के बीच मंगलवार से शुरू हुए जेईई मेन पेपर 2 की परीक्षा के बाद बुधवार को बीई और बीटेक की परीक्षा शुरू हो चुकी है। 2 सितंबर से शुरू हुई जेईई पेपर- 1 की परीक्षा 6 सितंबर तक जारी रहेगी। वहीं,परीक्षा में शामिल हुए स्टूडेंट्स ने बताया कि पेपर में मैथ्स काफी टफ और लंबा रहा। इसके अलावा जनवरी सेशन में हुए एग्जाम की तुलना में पेपर कठिन रहा।

वहीं, एक्सपर्ट के मुताबिक, जनवरी सत्र की तुलना में पेपर आसान था, लेकिन कैंडिडेट्स को मैथ्स के पेपर को हल करने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। हालांकि, केमेस्ट्री में संतुलित प्रश्न थे और इन्हें आसान कहा जा सकता है। जबकि फिजिक्स में डिफिकल्टी लेवल मीडियम था। लेकिन, स्टूडेंट्स को न्यूमेरिकल पार्ट लंबा लगा।

फिजिक्स का लेवल रहा हाई

दूसरे दिन परीक्षा में शामिल हुए गणेश प्रजापति ने बताया कि पेपर ना ज्यादा टफ था, ना ज्यादा इजी। हालांकि, फिजिक्स थोड़ी कमजोर होने की वजह से उन्हें यह कठिन लगा। उन्होंने बताया कि जनवरी में हुए पेपर की तुलना में इस बार फिजिक्स का लेवल भी कुछ हाई रहा, जबकि मैथ्स और केमिस्ट्री पहले की तरह थे। वहीं, कोरोना से बचाव को लेकर किए गए उपायों से गणेश संतुष्ट नजर आए और बताया कि उनके परीक्षा सेंटर में कोविड-19 को लेकर बनाई गई सभी गाइडलाइंस का बखूबी पालन किया गया।

कोरोना के डर से ड्रॉप करने वाले थे परीक्षा

जेईई की परीक्षा देने वाले सत्यम सिंह बताते हैं कि इस बार पेपर ठीक-ठाक रहा। जनवरी सेशन की परीक्षा में शामिल हुए सत्यम ने कहा कि पिछले बार की तुलना में इस बार पेपर का लेवल थोड़ा डिफिकल्ट था। उन्होंने बताया कि परीक्षा के दौरान उन्हें फिजिक्स में परेशानी झेलनी पड़ी। कोरोना की गाइडलाइंस के बारे में उन्होंने कहा कि एग्जाम सेंटर के अंदर सभी सुविधाएं व्यवस्थित थी। हालांकि, सेंटर से बाहर निकलते ही कोई सोशल डिस्टेंसिंग दिखाई नहीं दी। उन्होंने यह भी बताया कि कोरोना की वजह से वह परीक्षा ड्रॉप करने वाले थे, लेकिन सेंटर पर व्यवस्था देख वह आश्वस्त हुए और परीक्षा दी।

केंद्रीय शिक्षा मंत्री ने किया ट्वीट

वहीं, परीक्षा के बारे में ट्वीट करते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक ने कहा कि “मैं छात्रों को बधाई देता हूं कि उन्होंने इन विषम परिस्थितियों में अध्ययन किया और परीक्षा दे रहे हैं। मुझे अभिभावकों के बहुत सारे संदेश आए हैं वो व्यवस्थाओं से काफी ज्यादा खुश हैं। इसके लिए मैं प्रदेशों के मुख्यमंत्री गणों का आभार प्रकट करता