कृषि कानून के खिलाफचल रहे किसान आंदोलन को 23 वा दिन हो चला है. किसान अब भी दिल्ली की सीमाओं पर अपनी मांगो को लेकर आंदोलन पर अड़े हुए है . इस बीच किसान आंदोलन की आड़ में सियासी खेल भी खेले जा रहे हैं और हर दल के राजनेता इसपर बयानबाज़ी कर रहे हैं. इसी क्रम में गुजरात के उपमुख्यमंत्री और बीजेपी के वरिष्ठ नेता नितिन पटेल ने किसानों को लेकर एक विवादित बयान दिया है.

नितिन पटेल ने कहा है की किसानो के आंदोलन में खालिस्तानी और पाकिस्तानी घुस आये हैं. नितिन पटेल ने यह भी कहा की, “सभी ऐसे नहीं हैं, 25000 में 5000 ऐसे लोग आ गए हैं. कुछ देश विरोधी लोग इस किसान आंदोलन में आ गए हैं. ऐसे लोग जो चाहते हैं कि देश में अराजकता फैले, लोग सरकार से नाराज हों, लोग भाजपा से नाराज हों.”

डिप्टी CM साहब यही नहीं रुके उन्होंने आगे कहा की “ऐसे साम्यवादी, खालिस्तानी जो पूरे पंजाब को भारत से अलग करने का आंदोलन कर रहे हैं, जैसे जम्मू-कशमीर में आंतकवादी कर रहे हैं, वैसे लोग इस आंदोलन में इकट्ठा हुए हैं.”

अपनी बात को आगे भड़ाते हुए उन्होंने कहा की “यानी कि इस में कैंसर वाला भी आया है और किडनी की बीमारी वाला भी आया है. दोनों ही देश विरोधी हैं. एक को पंजाब को अलग करना है और एक को कश्मीर को पाकिस्तान से जोड़ना है. ये दोनों ही प्रकार के लोग यहां इकट्ठे हुए हैं. यहां नक्सलवादी, आतंकवादी, माओवादी और खालिस्तान घुस आए हैं, हमें पता ही नहीं चलता कि वे किसान नहीं हैं.”