कृषि कानून के खिलाफ चल रहे किसान आंदोलन के किसानो और सरकार के बीच बातचीत का एक जरिया सामने दिखाई दे रहा है। अनुमान है की सरकार की तरफ से कानून में कुछ संशोधन हो सकता है जो के किसानो तक लिखित रूप में पहुंचाया जायेगा, किसानो का संशोधन के आने का इंतज़ार है। हालाकि , सरकार अपने दिए गए कानून पर अड़ी हुई है , किसानो के इस कानून से ना खुश होने कारण सरकार कानून में कुछ बदलाव करके किसानो को लिखित प्रस्ताव पहुचाइयेगी। सरकार की ओर से इस संशोधन प्रस्ताव में APMC एक्ट और MSP पर किसानो कोB भरोसा दिलाया जायेगा।

किसानों को दिए जाने वाले लिखित प्रस्ताव में सरकार इन कुछ मुद्दों को शामिल कर सकती है इन मसलों पर सरकार और किसानों के बीच हुई बैठकों में चर्चा हुई है और सरकार की ओर से कुछ ढिलाई के संकेत दिए गए हैं।

* APMC एक्ट (मंडी सिस्टम) को मजबूत करना.
* ट्रेडर्स के साथ व्यापार को सिस्टमैटिक तरीके से लागू करना.
* किसी तरह की दिक्कत होने पर स्थानीय कोर्ट जाने का विकल्प
* MSP जारी रहने का प्रस्ताव
* पराली जलाने के खिलाफ सख्त हुए कानून में कुछ संशोधन.