कृषि कानून के खिलाफ चल रहे किसान आंदोलन में किसानो ने दिल्ली के लगभग सारे बॉर्डरो पर डेरा जमा रखा है ,आंदोलनकारी किसान टिकरी, सिंधु, गाजीपुर और चिल्ला बॉर्डर पर डटे हुए हैं। मंगलवार की सुबह 11 बजे किसानो ने ग़ाज़ीपुर बॉर्डर पर चक्का जाम किया है , लोगो को आने में परेशां हो सकती है। ग़ाज़ीपुर बॉर्डर पर आंदोलनकारी किसानो की तरफ से लंगर की व्यवस्था भी की गयी है , और कई मोबाइल कंपनियों के चार्जिंग पॉइंट की व्यवस्ता भी की गयी है, जहा मोबाइल चार्ज भी कर सकते हैं।

किसान यूनियन के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष किरण सिंह का कहना है की आंदोलन के चलते मोबाइल फ़ोन होना बहुत ज़रूरी है , यदि हमे अपने किसान संगठन के दूसरे लोग जो दिल्ली में अन्य जगह मौजूद हैं उनसे बात करने के लिए मोबाइल फ़ोन का चार्ज होना ज़रूरी है , इसलिए जब भी मोबाइल फ़ोन की बैटरी ख़तम होने वाली होती है हम लोग मोबाइल फ़ोन चार्ज करलेते है।

किसान नेता अमरपाल सिंह का कहना है कि अपने घर वालों से बातचीत करनी पड़ती है, उनको बताना पड़ता है कि हम लोग ठीक हैं, आंदोलन के बारे में अपडेट करते रहना पड़ता है। संभल जिला अध्यक्ष संपत सिंह यादव का कहना है कि जैसे हमें बाकी खुराक की आवश्यकता पड़ती है वैसे ही मोबाइल भी जरूरी है. मोबाइल के बिना बहुत परेशानी होती है.