भारत के प्रमुख बंदरगाहों पर मालवाहक यातायात में मार्च के बाद काफी गिरावट देखने को मिली है। ये गिरावट कोविड 19 महामारी की वजह से दर्ज हुई है। सरकार ने गुरुवार को ये जानकारी दी है।

शिपिंग मिनिस्टर मनसुख मांडविया ने लोकसभा में एक प्रश्न के उत्तर में कहा कि प्रमुख बंदरगाहों पर महामारी का असल मार्च 2020 के बाद से शुरू हुआ । केंद्रीय मंत्री ने कहा, “पिछले साल के मुकाबले मार्च, अप्रैल, मई, जून, जुलाई और अगस्त, 2020 में कुल ट्रैफिक, कंटेनर ट्रैफ़िक और अन्य ट्रैफ़िक में काफी गिरावट दर्ज हुई है।, हालांकि 20 जून के बाद से रिकवरी भी शुरू हो गई है”

वहीं मंत्री ने जानकारी दी कि सरकार ने समय-समय पर सभी बंदरगाहों को समुद्री यात्रियों या क्रूज यात्रियों के लिए एक स्क्रीनिंग, डिटेक्शन और महामारी से बचाव के लिए जरूरी सिस्टम लगाने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं। इसके साथ ही सुरक्षा के कई अन्य कदम भी उठाए गए हैं, जिसमें यात्रियों और क्रू मेंबर में जागरुकता फैलाना और खुद अपनी सेहत की जानकारी देना, थर्मल कैमरे लगाना और पीपीई किट, मास्क आदि का इस्तेमाल करना शामिल है। “इसके अलावा, मंत्रालय के नियंत्रण में आने वाले प्रमुख बंदरगाहों ने महामारी को लेकर निगरानी, जहाज और चालक दल साथ ही यात्री प्रबंधन के लिए मानक संचालन प्रक्रिया का गठन, थर्मल स्कैनिंग जैसे कई कदम उठाए हैं,

केंद्रीय मंत्री ने साथ ही कहा कि मानवीय हस्तक्षेप के बिना सुचारू कामकाज बनाए रखने के लिए ई-चालान और ई-भुगतान जैसे विभिन्न तरीकों के इस्तेमाल को तेज किया गया है। केंद्र सरकार के नियंत्रण में भारत के 12 प्रमुख बंदरगाह हैं। बंदरगाहों की प्रमुख संस्था IPA के मुताबिक इस वित्त वर्ष में अप्रैल से अगस्त के बीच मुख्य बंदरगाहों के द्वारा कार्गो हैंडलिंग 16.56 फीसदी की गिरावट के साथ 24.5 करोड़ टन के स्तर पर आ गई है।