दिल्ली में कोरोना का पहला लहर 23 जून के आस पास आई और उसके बाद दूसरा लहर 17 सितम्बर को आया . और अब कोरोना का तीसरा लहर दिल्ली में जारी है .क्योकि हाल के पिछले – 5 – 6 दिनों में कोरोना केस काफी तेज़ गति से बढ़े है .

पुरे देश में कोरोना केस घटते जा रहे है तो वही राजधानी दिल्ली covid -19 के मामले बढ़ते जा रहे . दिल्ली में फिर से कोरपना के नए – नए रिकॉर्ड बनते जा रहे है . दिल्ली सरकार के मुताबिक राजधानी में कोरोना वायरस की तीसरी लहर चल रही है. रोजाना 7 हजार से ज्यादा नए केस सामने आ रहे हैं . सरकार के मुताबिक इसका कारण लोगो की लापरवाही और सोशल डिस्टन्सिंग का न पालन करना बताया जा रहा .

दिल्ली पर दो तरह की मार झेलनी पद रही . पहला तो कोरोना के बढ़ते केस और दूसरा तो वायु प्रदूषण . इसका सीधा असर अस्पतालों पर पड रहा . अस्पतालों में खाली बेड की संख्या कम होते जा रही और मरीज़ो की संख्या बढ़ते जा रही है . दिल्ली में पिछले कुछ दिनों में कोरोना वायरस के मामलों की संख्या बढ़ने के साथ ही निजी अस्पतालों और केन्द्र सरकार के संस्थानों में वेंटिलेटर के साथ आईसीयू बिस्तर भर रहे हैं.

इस पर एक्सपर्ट्स का क्या कहना –

एक्सपर्ट्स का कहना है की दिल्ली में वायु की गुणवता ख़राब होना और सार्वजनिक स्थानों विशेषकर भीड़-भाड़ वाले क्षेत्रों जैसे बाजारों और दुकानों पर लोगों की आवाजाही बढ़ रही है और सुरक्षा मानदंडों का पालन करने में लापरवाही के कारण कोरोना के मामलों में उछाल आया है.

डॉक्टरों का भी यही कहना है की बढ़ते प्रदूषण और जगह – जगह भीड़ भाड़ बढ़ने के कारण कोरोना के मामले बढ़े है .