देश में फ्लेवर्ड मिल्क (Flavoured Milk) पर कितनी GST लगनी चाहिए, इस पर असमंजस की स्थिति बन गई है. कर्नाटक और गुजरात की बैंच ने इसे लेकर अलग-अलग फैसले दिए हैं.

नई दिल्ली: क्या फ्लेवर्ड मिल्क (Flavoured Milk) GST के दायरे में आता है. अगर हां, तो उस पर कितना GST लगना चाहिए. यह सवाल इसलिए उठ खड़ा हुआ है कि अथॉरिटी फॉर अडवांस रूलिंग (AAR) की कर्नाटक और गुजरात की बैंचों ने इसे लेकर अलग-अलग आदेश जारी किए हैं.

गुजरात AAR ने दिया आदेश

बताते चलें कि GST के खिलाफ अपील करने के लिए देशभर में अलग-अलग AAR बनाई गई हैं. गुजरात AAR ने अपने एक आदेश में कहा है कि फ्लेवर्ड मिल्क (Flavoured Milk) मूल रूप से ‘पेय पदार्थ युक्त दूध’ है और इस पर 12 फीसदी जीएसटी लगना चाहिए. अथॉरिटी ने यह फैसला गुजरात को-ऑपरेटिव मिल्क मार्केटिंग फेडरेशन लिमिटेड की अर्जी पर दिया. यह कंपनी अमूल (Amul) नाम के ब्रांड से देशभर में डेयरी उत्पादों की बिक्री करती है.

अमूल डेयरी ने दायर की थी अर्जी

अमूल डेयरी ने फ्लेवर्ड मिल्क को GST के दायरे में लाए जाने पर गुजरात AAR में अपील की थी. कंपनी अपने फ्लेवर्ड मिल्क (Flavoured Milk) को अमूल कूल और अमूल कूल कैफे के नाम से बेचती है. कंपनी ने AAR में अर्जी देकर दूध से फ्लेवर्ड मिल्क बनाने की पूरी प्रक्रिया के बारे में समझाया. कंपनी ने बताया कि फ्लेवर्ड मिल्क की प्रक्रिया वसा की मात्रा के अनुसार ताजे दूध का मानकीकरण है. उसे एक निश्चित तापमान पर गर्म कर फिल्टर किया जाता है. उसके बाद उसमें चीनी और अलग-अलग फ्लेवर मिलाकर बोतलों में पैक कर दिया जाता है.

कर्नाटक AAR भी दे चुका है फैसला

कंपनी की अर्जी सुनने के बाद अथॉरिटी ने फैसला दिया कि फ्लेवर्ड मिल्क (Flavoured Milk) ‘पेय युक्त दूध’ के रूप में वर्गीकृत किया जाएगा. जिस पर 12 प्रतिशत GST लगेगा. इससे पहले कर्नाटक सहकारी दूध उत्पादक संघ की अर्जी पर कर्नाटक AAR ने फैसला सुनाया था कि फ्लेवर्ड मिल्क पर 5 प्रतिशत GST लगना चाहिए.

AMRG & Associates के सीनियर पार्टनर रजत मोहन कहते हैं कि विभिन्न राज्यों की AAR के विरोधाभासी फैसलों की वजह से देश में मुकदमेबाजी बढ़ रही है. ये AAR जीएसटी के नियमों की हाइपर तकनीकी व्याख्या कर रही हैं. जिससे लोग सरकारी दफ्तरों के चक्कर काटने को मजबूर हैं. उन्होंने कहा कि फ्लेवर्ड मिल्क पर दोनों राज्यों के AAR ने अलग-अलग फैसले दिए हैं. ऐसे में एक नए मुकदमे की रूपरेखा तैयार हो गई है.