दिल्ली के मंगोलपुरी इलाके में रिंकू शर्मा नाम के एक लड़के को कुछ बदमाशों में चाकू मारकर हत्या कर दी है. रिंकू के परिवार का आरोप है कि रिंकू की हत्या इसलिए कि गई की वो इलाके में ‘जय श्री राम’ के नारे लगाता था. क्या कोई किसी को इस लिए भी जान से मार सकता है .ये घटना अब पुरे देश भर में आग की तरह फ़ैल गयी है हर कोई रिंकू शर्मा की न्याय दिलाने में लगा है.जानकारी के अनुसार आपको बता दें. 5 अगस्त 2020 को रिंकू ने ‘राम मन्दिर’ बनने की खुशी में इलाके में श्री राम रैली भी निकाली थी. तब भी आरोपी पक्ष के लोगों ने ऐतराज जताया था. रिंकू की मां का कहना है कि 30-40 लोग आए थे.लाठी, डंडे और चाकू साथ लाए थे. मेरे बेट को बहुत मारा. जब मेरे बेटे पर लाठी डंडे से वार किया जा रहा था तब भी मेर बेटा जय श्री राम बोल रहा था.

इस घटना को लोग दो पहलु से देख रहे है .पहला तो पुलिस का कुछ बयान आया है लोग उसे मानने को तैयार नहीं है तो दूसरा रिंकू शर्मा के भाई ने बयान दिया लोग उसे मान हिन्दू मुस्लिम का रूप दे दिया है .पुलिस ने अपने बायण बताया है की रिंकू वारदात के पिछली रात बर्थडे पार्टी से लौट रहा था तभी दोस्तों के बिच झगड़ा हो जाता है और अंजाम यहाँ तक आ जाता है हम हर एंगल से घटना की जांच कर रहे हैं. अब तक धर्मिक जैसा मामला हमारी जांच में नहीं आया है.

तो दूसरी तरफ उसके लेकिन परिजनों की बताया की रिंकू की हत्या इसलिए की गई क्योंकि वो बजरंग दल से जुड़ा हुआ था और इलाके में ‘जय श्रीराम’ के नारे लगाता था. पिछले साल 5 अगस्त को श्री राम मंदिर बनने के घोसना होंने के बाद में उसने इलाके में श्रीराम रैली निकाली थी. उस वक्त कुछ लोगों ने रिंकू को धमकी भी दी थी. और तभी से वो रिंकू को परेशान कर रहे थे.इसी धार्मिक रंजिश के चलते 30-40 लोगों ने लाठी, डंडे और चाकू साथ रिंकू के घर में घुसकर उसकी बेरहमी से हत्या कर दी. अपने आखिरी शब्दों में भी रिंकू जय श्री राम बोल रहा था.

बताते चलें कि इस मामले में पुलिस ने अभी तक 5 लोगों को गिरफ्तार किया है. जबकि बाकी आरोपियों की तलाश की जा रही है.फिर बता रहा हूँ इस हत्या के पीछे पुलिस ने किसी भी तरह का धार्मिक एंगल होने से इनकार किया है.लेकिन लोग उसे धर्म के चश्मे से इस घटना को देख रहे है न्याय दिलाना सही है लेकिन हिन्दू मुस्लिम का एंगल से रिंकू शर्मा की हत्या को देखना शायद गलत हो.

रिंकू शर्मा हत्याकांड की जांच अब दिल्ली पुलिुस की क्राइम ब्रांच को सौंपी गई है. पुलिस ने इस मामले में अब तक पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है. आरोपियों की पहचान ज़ाहिद, मेहताब, दानिश, ताजुद्दीन और इस्लाम के तौर पर हुई है. फिलहाल दिल्ली पुलिस सीसीटीवी के आधार पर आरोपियों की तलाश करने में जुटी हुई है.