महिलाओं के क्रोमोसोम, एसीई-2 रिसेप्टर और कुछ खास गतिविधियां, कोरोना संक्रमण (Corona Infection) के खिलाफ कर रही हैं ढाल का काम…

हम अपनी खबरों के माध्यम से कई बार आपको इस बात की जानकारी दे चुके हैं कि कोरोना वायरस (Coronavirus) का संक्रमण महिलाओं की तुलना में पुरुषों के लिए अधिक घातक साबित हो रहा है। शुरुआती स्तर पर इस अंतर की वजह मात्र मेल हॉर्मोन टेस्टोस्टेरॉन ही सामने आया था। लेकिन अब इस बारे में कुछ और नई जानकारियां सामने आई हैं। जिनमें क्रोमोसोम, एसीई-2 प्रोटीन और दैनिक जीवन से जुड़ी कुछ खास गतिविधियां शामिल हैं।

एसीई-2 रिसेप्टर्स का रोल
-कोरोना वायरस के संक्रमण और इसके मानवीय शरीर पर प्रभाव की दिशा में रिसर्च करनेवाले अलग-अलग टीमों के वैज्ञानिकों ने कई अलग-अलग ऐसे कारण ढूंढे हैं, जो पुरुषों के शरीर में महिलाओं के शरीर की तुलना से कहीं अधिक तेजी से कोरोना संक्रमण के फैलने की वजह बनते हैं।

-इन्हीं में से एक मुख्य कारण है एसीई-2 रिसेप्टर्स। दरअसल, ये रिसेप्टर्स एक खास तरह का प्रोटीन होते हैं। जिनको अपने नियंत्रण में लेने के बाद कोरोना वायरस तेजी से शरीर में फैलता है। वैज्ञानिकों का कहना है कि महिलाओं की तुलना में पुरुषों के शरीर में ये रिसेप्टर अधिक मात्रा में होते हैं।

chromosome-2